You are currently viewing LPG Crisis: रसोई गैस बुकिंग के नियमों में बड़ा बदलाव! अब सिलिंडर के लिए करना होगा लंबा इंतजार

LPG Crisis: रसोई गैस बुकिंग के नियमों में बड़ा बदलाव! अब सिलिंडर के लिए करना होगा लंबा इंतजार

LPG Crisis: घरेलू रसोई गैस (LPG) उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ी खबर है। तेल कंपनियों ने गैस सिलिंडर की बुकिंग के अंतराल (Refill Gap) में बड़ा बदलाव करते हुए नई व्यवस्था लागू कर दी है। मंगलवार को जारी किए गए इन निर्देशों के अनुसार, अब उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों और सामान्य ग्राहकों के लिए रिफिल बुकिंग की समय सीमा अलग-अलग निर्धारित की गई है। इस कदम का मुख्य उद्देश्य गैस की कालाबाजारी पर लगाम लगाना और खपत का सटीक आकलन करना है।

उज्ज्वला लाभार्थियों और सामान्य उपभोक्ताओं के लिए रिफिल बुकिंग का नया शेड्यूल

नए दिशा-निर्देशों के तहत, 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू सिलिंडर की बुकिंग के नियमों को सख्त कर दिया गया है। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के लाभार्थियों को अब एक सिलिंडर लेने के बाद दूसरे के लिए 45 दिन का इंतजार करना होगा। वहीं, सामान्य श्रेणी के घरेलू उपभोक्ताओं के लिए यह रिफिल अंतराल 25 दिन तय किया गया है। 10 किलो वाले आधुनिक कंपोजिट सिलिंडर के लिए उपभोक्ताओं को 18 दिन बाद बुकिंग की सुविधा मिलेगी।

दोहरे कनेक्शन (DBC) और सिंगल सिलिंडर धारकों के लिए संशोधित नियम

गैस की जमाखोरी रोकने के लिए सॉफ्टवेयर में तकनीकी बदलाव किए गए हैं। अब जिन ग्राहकों के पास दो सिलिंडर (Double Bottle Connection) हैं, वे 35 दिन की अवधि बीतने के बाद ही अगली बुकिंग करा सकेंगे। इसके विपरीत, एक सिलिंडर (Single Bottle Connection) वाले उपभोक्ताओं के लिए यह सीमा 25 दिन रखी गई है। जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार के अनुसार, यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है और तय समय से पहले बुकिंग करने पर सिस्टम उसे स्वतः ब्लॉक कर देगा।

5 किलो वाले ‘छोटू’ सिलिंडर की बुकिंग सीमा और क्षेत्रीय वर्गीकरण

छोटे सिलिंडर का उपयोग करने वाले ग्राहकों के लिए भी नियम बदल गए हैं। 5 किलो के घरेलू सिलिंडर के लिए शहरी क्षेत्रों में 9 दिन का अंतराल तय किया गया है, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह सीमा 16 दिन होगी। इसी तरह, 10 किलो के कंपोजिट सिलिंडर के लिए ग्रामीण इलाकों में उपभोक्ताओं को 32 दिन तक प्रतीक्षा करनी होगी। इस बदलाव का सीधा असर जिले के लाखों उज्ज्वला लाभार्थियों और मध्यम वर्गीय परिवारों पर पड़ने वाला है।

व्यावसायिक गैस आपूर्ति पर डीएम का कड़ा रुख और कोटे का निर्धारण

आगरा में व्यावसायिक गैस की किल्लत के बीच जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। अब कमर्शियल गैस उपभोक्ताओं को उनके औसत उपभोग का केवल 10 से 20 प्रतिशत हिस्सा ही आवंटित किया जाएगा। अति आवश्यक सेवाओं जैसे अस्पताल, रेलवे और शिक्षण संस्थानों को पिछले तीन महीनों के औसत का 20% कोटा मिलेगा, जबकि होटल, रेस्टोरेंट और ढाबों जैसी सेवाओं को केवल 10% आपूर्ति ही सुनिश्चित की जाएगी।

जमाखोरी के खिलाफ सख्त चेतावनी और निगरानी के निर्देश

जिलाधिकारी ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि कोई एजेंसी या बिचौलिया घरेलू सिलिंडर का व्यावसायिक उपयोग या जमाखोरी करते हुए पाया गया, तो उसके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पूर्ति विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि वे इस नई रिफिलिंग व्यवस्था की नियमित निगरानी करें ताकि वास्तविक उपभोक्ताओं को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

Spread the love

Leave a Reply