Farsa Baba Death: गौ-तस्करी को रोकने के प्रयास में अपनी जान गंवाने वाले गौ-रक्षक फरसा बाबा की मृत्यु के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। इस दुखद घटना पर बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने अपना कड़ा रोष व्यक्त किया है। उन्होंने इस कृत्य को अमानवीय बताते हुए आरोपियों के लिए मृत्युदंड की मांग की है, जिससे यह मामला देश भर में चर्चा का विषय बन गया है।
महाराज धीरेंद्र शास्त्री की भावुक प्रतिक्रिया
शनिवार, 21 मार्च की शाम को जब बागेश्वर महाराज अपने भक्तों को दर्शन देने के लिए मंच पर पहुंचे, तो उनके संबोधन का मुख्य केंद्र फरसा बाबा का बलिदान रहा। महाराज ने गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि जैसे ही उन्हें गौ-भक्त फरसा बाबा की हत्या की सूचना मिली, वे भीतर तक हिल गए। उन्होंने कहा कि फरसा बाबा जैसा समर्पित गौ-रक्षक और निष्काम गौ-सेवक समाज के लिए एक बड़ी क्षति है और उनकी कमी को कभी पूरा नहीं किया जा सकेगा।
जघन्य हत्याकांड पर सरकार से कड़ी कार्रवाई की मांग
महाराज धीरेंद्र शास्त्री ने इस मामले में प्रशासन और सरकार के प्रति अपना कड़ा रुख अपनाते हुए सख्त से सख्त सजा की मांग की है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यह कोई सामान्य अपराध नहीं है, बल्कि यह सनातन परंपरा पर प्रहार है। उन्होंने मांग की कि इस जघन्य अपराध में शामिल दोषियों को फांसी पर लटकाया जाना चाहिए ताकि भविष्य में कोई ऐसा दुस्साहस न कर सके। महाराज ने कहा कि प्रशासन को त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी फरार आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजना चाहिए।
सनातन धर्म के रक्षकों को मिलने वाली धमकियां
अपने संबोधन के दौरान बागेश्वर महाराज ने एक गंभीर मुद्दे की ओर इशारा करते हुए कहा कि जो लोग हिंदुत्व और सनातन धर्म की रक्षा के लिए खड़े होते हैं, उन्हें अक्सर निशाना बनाया जाता है। उन्होंने खुलासा किया कि स्वयं उन्हें और उनके परिवार को भी कई बार जान से मारने की धमकियां मिल चुकी हैं। हालांकि, उन्होंने साफ कर दिया कि ऐसी धमकियों से वे या सनातन का कोई सिपाही डरने वाला नहीं है और धर्म की रक्षा का संकल्प जारी रहेगा।
गौ-रक्षक की अमानवीय हत्या
फरसा बाबा के साथ हुई घटना का वर्णन करते हुए महाराज अत्यंत भावुक नजर आए। उन्होंने बताया कि जिस तरह से उन्हें कुचलकर मारा गया, वह अमानवीयता की पराकाष्ठा है। उन्होंने इसे सनातन समाज के लिए एक काला दिन बताया। महाराज ने भगवान बालाजी के चरणों में प्रार्थना की कि वे दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और उनके परिजनों को यह अपार दुख सहने की शक्ति प्रदान करें।
सनातन धर्म के लिए एकजुट होने की अपील
अंत में, बागेश्वर महाराज ने उपस्थित जनसमूह और पूरे देश से एक विशेष अपील की। उन्होंने कहा कि यदि हर व्यक्ति मैदान में उतरकर सनातन के लिए संघर्ष नहीं कर सकता, तो कम से कम उन लोगों का समर्थन जरूर करें जो अपनी जान जोखिम में डालकर धर्म और गौ-माता की रक्षा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि फरसा बाबा का बलिदान व्यर्थ नहीं जाना चाहिए और हर हिंदू को उनके सम्मान में एकजुट होना चाहिए।

