You are currently viewing Bihar Politics: नीतीश कुमार ने MLC पद से दिया इस्तीफा, मुख्यमंत्री पद छोड़ने की अटकेलों के बीच बढ़ी हलचल

Bihar Politics: नीतीश कुमार ने MLC पद से दिया इस्तीफा, मुख्यमंत्री पद छोड़ने की अटकेलों के बीच बढ़ी हलचल

Bihar Politics: बिहार की सत्ता और सियासत से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है। सूबे के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार विधान परिषद (MLC) की सदस्यता से अपना त्यागपत्र दे दिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री आवास से ही बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह को अपना आधिकारिक इस्तीफा सौंप दिया। कयास लगाए जा रहे हैं कि नीतीश कुमार जल्द ही मुख्यमंत्री पद से भी इस्तीफा दे सकते हैं, जिसके बाद बिहार में एक नई सरकार के गठन का रास्ता साफ हो जाएगा।

दो दशक का सफर खत्म

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार साल 2006 से लगातार बिहार उच्च सदन यानी विधान परिषद के सम्मानित सदस्य रहे हैं। वह चौथी बार 7 मई 2024 को निर्विरोध एमएलसी चुने गए थे और उनका मौजूदा कार्यकाल साल 2030 तक का था।

हाल ही में 16 मार्च 2026 को हुए उच्च सदन के चुनावों में नीतीश कुमार राज्यसभा के लिए निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए गए हैं। देश के संवैधानिक नियमों के तहत अब उन्हें राज्य विधानमंडल की सदस्यता छोड़नी जरूरी थी, जिसके चलते उन्होंने यह बड़ा कदम उठाया। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि नीतीश कुमार आगामी 10 अप्रैल 2026 को देश की संसद के उच्च सदन यानी राज्यसभा सांसद के रूप में अपनी नई पारी की शपथ ले सकते हैं।

बांकीपुर विधायक का भी इस्तीफा

नीतीश कुमार के नक्शेकदम पर चलते हुए भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कद्दावर नेता और बांकीपुर से मौजूदा विधायक नितिन नबीन ने भी सोशल मीडिया के माध्यम से अपने इस्तीफे का औपचारिक ऐलान कर दिया है। नितिन नबीन भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ ही बिहार कोटे से राज्यसभा चुनाव जीतकर दिल्ली जाने की तैयारी में हैं।

भाजपा के बिहार प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि नितिन नबीन ने अपना त्यागपत्र कल (रविवार) ही उन्हें सौंप दिया था। रविवार को छुट्टी होने के कारण औपचारिक प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी थी, जिसे आज बिहार विधानसभा अध्यक्ष (स्पीकर) के समक्ष पेश कर स्वीकार कराया जाएगा। वर्तमान में नितिन नबीन असम के दौरे पर हैं, इसलिए उन्होंने प्रक्रिया में विलंब न हो, इसके लिए पहले ही अपना इस्तीफा प्रदेश अध्यक्ष को सुपुर्द कर दिया था।

राजनीतिक सफर पर एक नजर

बिहार की सत्ता पर रिकॉर्ड 10 बार मुख्यमंत्री के रूप में काबिज होने वाले नीतीश कुमार का संसदीय और विधायी सफर बेहद गौरवशाली और व्यापक रहा है। उन्होंने अपने लंबे राजनीतिक जीवन में जमीन से लेकर दिल्ली के गलियारों तक का सफर तय किया है।

नीतीश कुमार अपने करियर में दो बार (1985 और 1995 में) जनता द्वारा सीधे विधायक चुने गए। इसके बाद उन्होंने राष्ट्रीय राजनीति का रुख किया और कुल छह बार (1989, 1991, 1996, 1999 और 2004) लोकसभा सांसद के रूप में देश की सबसे बड़ी पंचायत में जनता का प्रतिनिधित्व किया। साल 2006 के बाद से वे लगातार बिहार के मुख्यमंत्री रहे और इसके लिए उन्होंने विधान परिषद का रास्ता चुना। वे 2006, 2012, 2018 और 2024 में चार बार एमएलसी चुने गए थे। अब 2026 में वे एक बार फिर राज्यसभा के जरिए देश की संसद में गरजने को तैयार हैं।

Spread the love

Leave a Reply