West Bengal Assembly elections 2026: पश्चिम बंगाल में सत्ता की जंग अब अपने निर्णायक मोड़ पर पहुंच गई है। जैसे-जैसे मतदान की तारीखें करीब आ रही हैं, राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। इसी क्रम में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने अपने उम्मीदवारों की पांचवीं सूची जारी कर चुनावी बिसात पर अपनी पकड़ और मजबूत कर ली है।
भाजपा की नई कैंडिडेट लिस्ट: चुनावी रण में उतरे 5 और दिग्गज चेहरे
बीजेपी की केंद्रीय चुनाव समिति ने उम्मीदवारों की अपनी पांचवीं आधिकारिक सूची सार्वजनिक कर दी है। इस नवीनतम सूची में मुख्य रूप से पांच विधानसभा क्षेत्रों के लिए नामों की घोषणा की गई है। पार्टी की रणनीति स्पष्ट है—अनुभवी और स्थानीय चेहरों पर दांव लगाना।
जारी की गई लिस्ट के अनुसार, कल्याणी से अनुपम बिस्वास को मैदान में उतारा गया है, जबकि दम दम उत्तर की महत्वपूर्ण सीट से सौरव सिकदार ताल ठोकेंगे। इसके अलावा, मध्यमग्राम से अनिंद्रद्य राजू बनर्जी और उलुबेरिया पूर्व से रुद्रप्रसाद बनर्जी को प्रत्याशी बनाया गया है। पार्टी ने न केवल नए नाम जोड़े हैं, बल्कि रणनीतिक बदलाव करते हुए तीन सीटों—बशीरहाट उत्तर (कौशिक सिद्धार्थ), विष्णुपुर (अभिजीत सरदार) और बेहाला पूर्व (शंकर सिकदार)—के लिए संशोधित सूची भी जारी की है।
बंगाल विधानसभा सीटों का गणित: 292 निर्वाचन क्षेत्रों पर भगवा दल का दांव
बीजेपी ने अब तक कुल 292 सीटों पर अपने जांबाजों के नाम तय कर दिए हैं। पार्टी ने किस्तों में टिकटों का वितरण किया है ताकि हर क्षेत्र की संवेदनशीलता को समझा जा सके। शुरुआत 144 उम्मीदवारों की भारी-भरकम पहली लिस्ट से हुई थी, जिसके बाद दूसरी सूची में 111 नामों का ऐलान हुआ। तीसरी और चौथी सूची में क्रमशः 19 और 13 प्रत्याशियों को जगह मिली। अब पांचवीं लिस्ट के साथ बीजेपी राज्य की लगभग सभी प्रमुख सीटों पर अपनी घेराबंदी पूरी कर चुकी है।
कूच बिहार में प्रधानमंत्री की मेगा रैली
आज यानी 5 अप्रैल का दिन बंगाल की राजनीति के लिए बेहद खास है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कूच बिहार में एक विशाल जनसभा को संबोधित करने जा रहे हैं। 2026 के विधानसभा चुनावों के मद्देनजर यह पीएम मोदी की पहली बड़ी रैली है।
कूच बिहार का महत्व: बीजेपी के लिए यह क्षेत्र “विजय द्वार” की तरह है। याद दिला दें कि 2021 के चुनावों में यहां की 9 में से 8 सीटों पर बीजेपी ने जीत का परचम लहराया था। पीएम की इस रैली का मकसद उसी प्रदर्शन को दोहराना और कार्यकर्ताओं में जोश भरना है। टीएमसी और बीजेपी के बीच जारी जुबानी जंग के बीच पीएम का यह दौरा ममता बनर्जी के गढ़ में बड़ी चुनौती पेश करने वाला माना जा रहा है।
मतदान और नतीजों का कार्यक्रम:
चुनाव आयोग ने बंगाल की भौगोलिक और सुरक्षा स्थितियों को देखते हुए इस बार दो चरणों में मतदान कराने का फैसला किया है।
- प्रथम चरण: 23 अप्रैल को पहले दौर की वोटिंग होगी।
- द्वितीय चरण: 29 अप्रैल को दूसरे और अंतिम दौर के लिए वोट डाले जाएंगे।
- परिणाम दिवस: पूरे देश की नजरें 4 मई पर टिकी होंगी, जब चुनाव के नतीजे घोषित किए जाएंगे और साफ होगा कि बंगाल के सिंहासन पर कौन विराजमान होगा।

