UP Weather: मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी से आ रही नम हवाओं के प्रभाव से पूरे प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां तेज हो गई हैं। आगामी 22 जुलाई तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा।
मौसम विभाग ने बांदा, कन्नौज, कानपुर देहात, आगरा, फिरोजाबाद, मैनपुरी, इटावा, औरैया, जालौन, झांसी, महोबा और हमीरपुर समेत 18 जिलों में अगले 24 घंटों के दौरान अति भारी वर्षा और आकाशीय बिजली गिरने की गंभीर चेतावनी जारी की है। इस दौरान तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे लोगों को भीषण उमस से राहत मिलेगी।
प्रयागराज में आकाशीय बिजली का कहर
सोमवार को प्रयागराज में दोपहर बाद हुई झमाझम बारिश ने शहर की रफ्तार थाम दी। तेज वर्षा के कारण शहर के नाले उफान पर आ गए और कई इलाकों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई।
इसी बीच प्रयागराज में वज्रपात की चपेट में आने से 48 वर्षीय संजीत कुमार और 40 वर्षीय नागेश कुमार की असमय मौत हो गई। दूसरी ओर, वाराणसी में दिनभर बादल छाए रहने के बावजूद केवल हल्की बूंदाबांदी ही दर्ज की गई।
लखनऊ, कानपुर और मेरठ समेत कई क्षेत्रों में मध्यम वर्षा व बूंदाबांदी का दौर
प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी मानसूनी बारिश का असर देखने को मिला। राजधानी लखनऊ और इसके आसपास के इलाकों में सोमवार को हल्की से मध्यम दर्ज की गई। आगरा में दिनभर हल्की बूंदाबांदी जारी रही, तो वहीं मेरठ और पश्चिमी यूपी के जिलों में सुबह से बादलों का डेरा जमा रहा।
कानपुर और बुंदेलखंड के जनपदों में रविवार देर रात से शुरू हुआ बारिश का सिलसिला सोमवार दिनभर रुक-रुक कर जारी रहा।
पूर्वांचल और पश्चिमांचल के दर्जनों जिलों में मूसलाधार बारिश व वज्रपात की आशंका
मौसम विभाग ने चित्रकूट, कौशांबी, फतेहपुर, मीरजापुर, गोरखपुर, बस्ती, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, गाजियाबाद, नोएडा, मुरादाबाद और बरेली समेत दर्जनों जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है।
इसके साथ ही बांदा, प्रतापगढ़ और कौशांबी समेत कई इलाकों में गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने का खतरा बना हुआ है। प्रशासन ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने और सतर्कता बरतने की सलाह दी है।

