UP News: बिहार के वैशाली जिले में नाव पलटने की दर्दनाक घटना ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। राघोपुर प्रखंड के रामपुर श्यामचंद गांव में हुए इस हादसे में 13 बच्चों की मौत हो गई। एक ही गोतिया परिवार से जुड़े बताए जा रहे बच्चों की मौत से गांव में मातम पसरा हुआ है। जिन घरों में कुछ समय पहले तक बच्चों की हंसी-खुशी सुनाई देती थी, वहां अब अपनों को खोने का गम है। परिवारों के लिए यह दुख सह पाना बेहद मुश्किल हो रहा है।
बिहार नाव दुर्घटना पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने जताया शोक
वैशाली में हुए इस हादसे पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गहरा दुख जताया है। उन्होंने हादसे में जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांजलि दी और शोक में डूबे परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं जाहिर कीं। मुख्यमंत्री ने घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की है।
सीएम योगी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर इस घटना को बेहद दुखद बताया। उन्होंने दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रभु श्रीराम से प्रार्थना की और पीड़ित परिवारों को इस मुश्किल समय में दुख सहने की शक्ति देने की कामना की।
सीएम योगी का एक्स पर संदेश, घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संदेश में लिखा, “बिहार के जनपद वैशाली में नाव दुर्घटना में हुई जनहानि अत्यंत दुःखद है। विनम्र श्रद्धांजलि। मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिजनों के साथ हैं। प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्माओं को अपने श्री चरणों में स्थान और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें।”
सीएम योगी के इस संदेश में हादसे में जान गंवाने वालों के प्रति श्रद्धांजलि और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की गई। हादसे की खबर सामने आने के बाद इस घटना को लेकर दुख का माहौल है।
वैशाली नाव हादसे में कैसे गई 13 बच्चों की जान?
जानकारी के मुताबिक, मंगलवार देर शाम बच्चे एक दिवंगत महिला के श्राद्ध भोज में शामिल होने के लिए नाव से नदी पार कर रहे थे। इसी दौरान नाव पलट गई और उसमें सवार कई लोग पानी में डूब गए। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। इस दुर्घटना में 13 बच्चों की मौत होने की जानकारी सामने आई है।
बताया जा रहा है कि मृतक बच्चे आपस में गोतिया परिवार से जुड़े थे और तीन अलग-अलग घरों के थे। एक साथ इतने बच्चों की मौत से परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। गांव में हर तरफ अपनों को खोने का गम है।
श्राद्ध भोज में जाने निकले थे बच्चे, परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़
जिस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए बच्चे घर से निकले थे, वहां पहुंचने से पहले ही यह सफर दर्दनाक हादसे में बदल गया। परिवारों को शायद अंदाजा भी नहीं था कि उनके बच्चे इस तरह कभी वापस नहीं लौटेंगे। एक ही परिवार से जुड़े कई बच्चों की मौत ने पूरे गांव को झकझोर दिया है।
वैशाली नाव हादसे ने नदी पार करने के दौरान सुरक्षा और सावधानी से जुड़े सवाल भी खड़े किए हैं। फिलहाल, इस घटना में जान गंवाने वाले बच्चों के परिवारों के लिए यह अपूरणीय क्षति है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी इस दुखद घटना पर संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्माओं की शांति और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना की है।

