Nepal Flood: नेपाल में अचानक आई भीषण बाढ़ ने बड़े पैमाने पर तबाही मचा दी है। तिब्बत से सटे रसुवा जिले में बुधवार को भोटे कोशी नदी में अचानक आई बाढ़ से कई इलाकों में भारी नुकसान हुआ है। हादसे में करीब 400 लोगों के लापता होने की खबर है, जबकि कम से कम 16 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। लापता लोगों में 105 भारतीय नागरिक भी शामिल बताए जा रहे हैं।
नेपाल बाढ़ पर PM मोदी ने जताया दुख, हर संभव मदद का दिया भरोसा
नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह से फोन पर बातचीत: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद प्रधानमंत्री बालेन शाह से फोन पर बात की। पीएम मोदी ने आपदा में हुई जान-माल की क्षति पर गहरा दुख जताया और नेपाल को हर संभव मानवीय एवं राहत सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि इस मुश्किल घड़ी में भारत के लोग नेपाल के अपने भाइयों और बहनों के साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने यह भी कहा कि दोनों देशों की टीमें बचाव और राहत कार्यों में मिलकर काम कर रही हैं।
नेपाल में फंसे भारतीयों के रेस्क्यू के लिए दूतावास सक्रिय
भारतीय नागरिकों की तलाश और राहत अभियान तेज: सूत्रों के अनुसार, नेपाल में आपदा से प्रभावित भारतीय नागरिकों को जल्द से जल्द सुरक्षित निकालने और राहत पहुंचाने के लिए भारतीय दूतावास नेपाल सरकार के संबंधित अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में है।
भारतीय मिशन स्थानीय प्रशासन और नेपाली अधिकारियों के साथ मिलकर प्रभावित भारतीय नागरिकों की जानकारी जुटाने और उनके रेस्क्यू की दिशा में काम कर रहा है। प्राथमिकता बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में फंसे लोगों तक सहायता पहुंचाने और उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की है।
रसुवा जिले में अचानक आई बाढ़ ने मचाई भारी तबाही
भोटे कोशी नदी का जलस्तर बढ़ने से मची अफरा-तफरी: नेपाल के रसुवा जिले में बुधवार सुबह करीब नौ बजे भोटे कोशी नदी में अचानक बाढ़ आ गई। नदी के आसपास बसे इलाकों में पानी तेजी से फैल गया, जिससे लोगों को संभलने तक का मौका नहीं मिला।
बाढ़ की भयावहता का अंदाजा सामने आए वीडियो से लगाया जा सकता है। इनमें तेज बहाव वाला पानी घरों, वाहनों और अन्य सामान को अपने साथ बहाता दिखाई दे रहा है। अचानक आई बाढ़ के कारण स्थानीय लोगों में भारी दहशत फैल गई।
नेपाल फ्लड में कई हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट्स को भी नुकसान
बाढ़ के तेज बहाव से बुनियादी ढांचे को बड़ा नुकसान: बाढ़ से रसुवा जिले में कम से कम एक दर्जन हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट्स के क्षतिग्रस्त होने की जानकारी सामने आई है। नदी के किनारे मौजूद कई निर्माण और अन्य ढांचे भी बाढ़ की चपेट में आए हैं।
प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य चलाए जा रहे हैं। हालांकि, कई इलाकों में भारी नुकसान और मुश्किल भौगोलिक परिस्थितियों के कारण राहत टीमों को चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
भारतीय दूतावास ने जारी किए नेपाल बाढ़ हेल्पलाइन नंबर
फंसे भारतीयों के लिए इमरजेंसी नंबर: नेपाल स्थित भारतीय दूतावास ने बाढ़ प्रभावित भारतीय नागरिकों के लिए आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। दूतावास ने अपील की है कि प्रभावित भारतीय नागरिक या उनके परिजन मदद और जानकारी के लिए इन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं।
इमरजेंसी नंबर:
+977 985 131 6807
+977 970 910 7500
दोनों नंबरों पर WhatsApp के जरिए भी संपर्क किया जा सकता है। दूतावास प्रभावित भारतीय नागरिकों तक राहत और जरूरी सहायता पहुंचाने के लिए नेपाल सरकार के अधिकारियों के साथ समन्वय कर रहा है।
बिहार और यूपी के सीमावर्ती इलाकों में अलर्ट
नेपाल बाढ़ का असर भारत के सीमावर्ती क्षेत्रों पर भी: नेपाल में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए बिहार और उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जिलों में भी अलर्ट जारी किया गया है। नेपाल से आने वाली नदियों के जलस्तर और संभावित प्रभाव को देखते हुए स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
वहीं, बाढ़ की स्थिति को लेकर केंद्रीय स्तर पर भी निगरानी बढ़ाई गई है। गृह मंत्री अमित शाह ने बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से फोन पर बात कर हालात की जानकारी ली। नेपाल में जारी राहत और बचाव अभियान के साथ-साथ भारत के सीमावर्ती इलाकों की स्थिति पर भी नजर रखी जा रही है।
भारत-नेपाल के बीच राहत और बचाव को लेकर बढ़ा समन्वय
आपदा के बीच भारत ने बढ़ाया सहयोग का हाथ: नेपाल में बाढ़ से पैदा हुए संकट के बीच प्रधानमंत्री मोदी की बालेन शाह से बातचीत और भारतीय दूतावास की सक्रियता दोनों देशों के बीच आपदा प्रबंधन सहयोग को दर्शाती है। फिलहाल प्राथमिकता बाढ़ में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने, लापता लोगों की तलाश करने और प्रभावित परिवारों तक राहत पहुंचाने की है।
नेपाल में हालात पर भारत लगातार नजर बनाए हुए है। वहीं, सीमावर्ती भारतीय जिलों में भी प्रशासन को संभावित स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।

