Monsoon Session: उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन राम मंदिर चढ़ावा विवाद, विपक्ष के हंगामे और सपा विधायक सचिन यादव के निष्कासन को लेकर सदन में भारी तनाव देखने को मिला। लगातार नारेबाजी और विरोध के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपना संबोधन पूरा नहीं कर सके और विपक्ष के रवैये पर तीखी प्रतिक्रिया दी।
यूपी विधानसभा मानसून सत्र में राम मंदिर चढ़ावा विवाद पर विपक्ष का जोरदार हंगामा
उत्तर प्रदेश विधानसभा मानसून सत्र के दूसरे दिन सदन की कार्यवाही हंगामे की भेंट चढ़ गई। समाजवादी पार्टी के विधायकों ने राम मंदिर चढ़ावा विवाद समेत कई मुद्दों को लेकर सरकार के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। विपक्षी सदस्य लगातार नारेबाजी करते रहे, जिससे सदन का माहौल काफी देर तक तनावपूर्ण बना रहा।
हंगामे के कारण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपना निर्धारित भाषण पूरा नहीं कर सके। सदन की कार्यवाही के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली। विधानसभा अध्यक्ष ने कई बार व्यवस्था बनाए रखने की अपील की, लेकिन विरोध जारी रहा।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष के व्यवहार पर उठाए सवाल
सीएम योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष के प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि लोकतंत्र में चर्चा और संवाद का विशेष महत्व होता है, लेकिन विपक्ष का रवैया सदन की गरिमा के अनुरूप नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार हर विषय पर नियमों के तहत चर्चा के लिए तैयार है, फिर भी विपक्ष लगातार कार्यवाही बाधित कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सदन का समय प्रदेश की जनता के हित से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा के लिए होता है। उनके अनुसार, अनावश्यक व्यवधान लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित करता है और इससे राज्य के विकास से जुड़े मुद्दों पर चर्चा भी प्रभावित होती है।
यूपी विधानसभा हंगामे पर सीएम योगी का विपक्ष पर हमला
यूपी विधानसभा हंगामा को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि नियमों के अनुसार आने वाले सभी प्रस्तावों पर चर्चा कराई जाएगी और सरकार उनका जवाब भी देगी।
उन्होंने कहा कि इसके बावजूद विपक्ष लगातार नारेबाजी और विरोध प्रदर्शन कर सदन की कार्यवाही में बाधा डाल रहा है। मुख्यमंत्री के अनुसार, लोकतांत्रिक व्यवस्था में विचार-विमर्श और बहस के माध्यम से मुद्दों का समाधान होना चाहिए, न कि हंगामे के जरिए।
सपा विधायक सचिन यादव के विरोध पर कार्रवाई
सपा विधायक सचिन यादव निष्कासन का मामला भी सदन में चर्चा का केंद्र बन गया। जसराना से समाजवादी पार्टी के विधायक सचिन यादव ने विरोध प्रदर्शन के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तस्वीर दिखाकर अपना विरोध दर्ज कराया।
विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने उन्हें ऐसा करने से रोका और चेतावनी भी दी। जब विधायक ने विरोध जारी रखा तो अध्यक्ष ने उन्हें सदन से बाहर जाने का निर्देश दिया। आदेश का पालन नहीं करने पर मार्शलों की सहायता से उन्हें सदन से बाहर कराया गया और पूरे मानसून सत्र के लिए निष्कासित करने की घोषणा की गई।
सपा विधायकों का विरोध, सदन में बढ़ा तनाव और कार्यवाही करनी पड़ी स्थगित
समाजवादी पार्टी विधायक विरोध के दौरान सचिन यादव के समर्थन में कई सपा विधायक उनके आसपास एकत्र हो गए और उन्हें सदन से बाहर ले जाने का विरोध करने लगे। इस दौरान विधानसभा अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि कार्यवाही में बाधा डालने वाले अन्य सदस्यों के खिलाफ भी नियमों के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
स्थिति धीरे-धीरे और तनावपूर्ण होती गई। बड़ी संख्या में विपक्षी विधायक वेल में पहुंच गए, जिससे सदन में धक्का-मुक्की जैसी स्थिति बन गई। लगातार हंगामे के चलते विधानसभा की कार्यवाही कुछ समय के लिए स्थगित करनी पड़ी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपना संबोधन पूरा नहीं कर सके।
यूपी विधानसभा मानसून सत्र में राजनीतिक टकराव हुआ तेज
उत्तर प्रदेश विधानसभा मानसून सत्र के दूसरे दिन सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखा राजनीतिक टकराव देखने को मिला। एक ओर विपक्ष राम मंदिर चढ़ावा विवाद और अन्य मुद्दों को लेकर सरकार को घेरता रहा, वहीं सरकार ने विपक्ष पर सदन की कार्यवाही बाधित करने का आरोप लगाया।
अब सभी की नजरें मानसून सत्र की आगामी कार्यवाही पर टिकी हैं। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि आने वाले दिनों में दोनों पक्ष चर्चा के माध्यम से मुद्दों का समाधान तलाशते हैं या सदन में राजनीतिक टकराव और तेज होता है।

