UP Politics: समाजवादी पार्टी (SP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गुरुवार, 1 अक्टूबर को भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर निशाना साधते हुए Gen-Z के बीच लोकप्रिय विरोध-प्रदर्शन के नारों की तर्ज पर अपना राजनीतिक संदेश दिया। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने कहा, “एक कचौड़ी, दो समोसा- बीजेपी पर नहीं भरोसा।” अखिलेश यादव का यह बयान सामने आने के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बन गया।
सपा प्रमुख ने कहा कि आने वाले समय में Gen-Z और PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) मिलकर बीजेपी का मुकाबला करेंगे। उन्होंने दिल्ली में सुनाई देने वाले नारे का जिक्र करते हुए कहा कि युवाओं की नई पीढ़ी के बीच जिस तरह नए तरीके से विरोध दर्ज कराया जा रहा है, उसी अंदाज में राजनीतिक संदेश भी सामने आ रहे हैं।
Gen-Z और PDA की राजनीति पर अखिलेश यादव का जोर
अखिलेश यादव ने युवाओं और PDA वर्ग को समाजवादी पार्टी की राजनीति से जोड़ने की बात कही। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में Gen-Z और PDA साथ आकर बीजेपी के खिलाफ राजनीतिक चुनौती पेश करेंगे। उनके बयान में युवा मतदाताओं और सामाजिक गठजोड़ को लेकर पार्टी की रणनीति की झलक दिखाई दी।
PM Modi के Gen-Z सम्मेलन पर अखिलेश यादव की प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के Gen-Z से जुड़े सम्मेलन का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव ने अपनी पिछली टिप्पणी ‘भजन जैमिंग’ का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने पहले भजन जैमिंग की बात कही थी और किसी ने उसे सुनकर कार्यक्रम कर दिया। सपा अध्यक्ष ने यह भी कहा कि उनकी पार्टी जल्द ही नौजवानों के लिए एक कार्यक्रम आयोजित करेगी।
युवाओं के लिए सपा के घोषणापत्र और कार्यक्रम की तैयारी
अखिलेश यादव ने कहा कि आने वाले समय में युवाओं को ध्यान में रखते हुए पार्टी के कार्यक्रम और घोषणापत्र में कई मुद्दे शामिल किए जाएंगे। उन्होंने संकेत दिया कि रोजगार, युवा अवसर और नई पीढ़ी से जुड़े विषय समाजवादी पार्टी की आगामी राजनीतिक रणनीति में महत्वपूर्ण रहेंगे।
राज्यसभा चुनाव में सपा के तीसरे प्रत्याशी के लिए अपील
राज्यसभा चुनाव को लेकर अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश के विधायकों से सपा के तीसरे प्रत्याशी को समर्थन देने की अपील की। उन्होंने कहा कि जो भी बीजेपी को हराना चाहते हैं, वे आगे आ सकते हैं और समाजवादी पार्टी सभी का स्वागत करेगी।
क्रॉस वोटिंग के दावे से बढ़ी राज्यसभा चुनाव की हलचल
सपा प्रमुख ने दावा किया कि कुछ विधायक पहले से उनके संपर्क में हैं और वे समाजवादी पार्टी के पक्ष में क्रॉस वोटिंग करने के लिए तैयार हैं। हालांकि, इन विधायकों के नाम सार्वजनिक रूप से नहीं बताए गए। उनके इस दावे के बाद राज्यसभा चुनाव को लेकर यूपी की राजनीति में सियासी हलचल और बढ़ गई है।
ब्रजेश पाठक के ई-रिक्शा वाले बयान पर अखिलेश यादव का पलटवार
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक के युवाओं को नौकरी तलाशने के बजाय ई-रिक्शा चलाकर कमाई करने की सलाह वाले बयान पर भी अखिलेश यादव ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि “हमारे डिप्टी सीएम को ई-रिक्शा बुक करना चाहिए।”
अस्पतालों और स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर BJP पर निशाना
अखिलेश यादव ने ब्रजेश पाठक पर निशाना साधते हुए स्वास्थ्य सेवाओं का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि यही वे उपमुख्यमंत्री हैं जिन्होंने अस्पतालों को ही बीमार कर दिया है और अस्पतालों को इलाज की जरूरत है। इसके साथ ही उन्होंने एक बार फिर PDA और जनता के साथ मिलकर बीजेपी को राजनीतिक रूप से चुनौती देने की बात दोहराई।
इस तरह अखिलेश यादव के बयान में Gen-Z, PDA, युवा राजनीति, राज्यसभा चुनाव, क्रॉस वोटिंग और स्वास्थ्य व्यवस्था जैसे कई मुद्दे एक साथ दिखाई दिए। उनके बयानों ने उत्तर प्रदेश की आगामी राजनीतिक गतिविधियों और सपा की रणनीति को लेकर चर्चा को तेज कर दिया है।

