Kharge Statement: ‘हम तो सपा में हैं’, खरगे के विवादित बयान पर आरके चौधरी ने दी प्रतिक्रिया कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर दिए गए कथित विवादित बयान को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म है। इस मामले में अब समाजवादी पार्टी के सांसद आरके चौधरी का बयान सामने आया है। खरगे की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए चौधरी ने कहा कि उन्हें नहीं पता कि कांग्रेस अध्यक्ष ने किस लहजे में बात कही थी। उन्होंने यह भी कहा कि वह समाजवादी पार्टी से हैं और इस मामले में उनकी ओर से कोई सफाई नहीं दी जा रही है।
मल्लिकार्जुन खरगे के बयान पर आरके चौधरी की प्रतिक्रिया
सपा सांसद आरके चौधरी से जब कांग्रेस अध्यक्ष के बयान को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने कहा कि उनकी खरगे से इस मुद्दे पर कोई बातचीत नहीं हुई है। ऐसे में वह बयान के लहजे के बारे में कुछ नहीं कह सकते। चौधरी ने खरगे को बड़ा नेता बताते हुए कहा कि जो बात मुंह से निकल गई, वह निकल गई। उन्होंने इस मामले में कांग्रेस अध्यक्ष का बचाव करते हुए कोई सफाई देने से भी इनकार किया और कहा, “हम तो समाजवादी पार्टी में हैं।”
श्रीकृष्ण सिंह जयंती कार्यक्रम में हुआ था विवाद
खरगे के बयान का मामला बिहार की राजधानी पटना में आयोजित एक कार्यक्रम से जुड़ा है। रविवार को बिहार के पहले मुख्यमंत्री डॉ. श्रीकृष्ण सिंह की 139वीं जयंती के मौके पर कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे इस कार्यक्रम में शामिल हुए और उन्होंने लोगों को संबोधित किया। इसी दौरान खुद को कांग्रेस से जुड़ा बताने वाले एक युवक ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर टिप्पणी कर दी, जिसके बाद माहौल गरमा गया।
युवक की टिप्पणी पर खरगे ने दिया जवाब
कार्यक्रम के दौरान युवक ने कथित तौर पर कहा कि इस तरह की राजनीतिक लड़ाई से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सत्ता से नहीं हटने वाले। बताया जा रहा है कि वह युवक छपरा का रहने वाला है और खरगे को अपनी बात समझाने की कोशिश कर रहा था। इसके जवाब में खरगे ने प्रधानमंत्री को लेकर कथित तौर पर आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया। इस बातचीत के बाद कार्यक्रम में हंगामा होने लगा। रिपोर्ट के मुताबिक, कुछ लोगों ने युवक के साथ हाथापाई भी की।
EVM और SIR को लेकर भी खरगे ने उठाए सवाल
कार्यक्रम में कांग्रेस अध्यक्ष ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर भी अपनी राय रखी। उन्होंने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन यानी EVM और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) पर सवाल उठाए। इसके साथ ही उन्होंने भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की विचारधारा पर भी निशाना साधा। खरगे ने मांग की कि देश में चुनाव बैलेट पेपर के जरिए कराए जाएं और एसआईआर की प्रक्रिया को तुरंत रोका जाए।
पिछले दो वर्षों के विधानसभा चुनाव रद्द करने की मांग
मल्लिकार्जुन खरगे ने पिछले दो वर्षों में हुए विधानसभा चुनावों को रद्द करने की मांग भी की। उनके बयान के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक टकराव तेज हो गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर की गई कथित टिप्पणी को लेकर भाजपा विरोध जता रही है। वहीं, सपा सांसद आरके चौधरी ने इस मामले पर सीमित प्रतिक्रिया दी और कहा कि उन्होंने खरगे से बात नहीं की है। ऐसे में वह बयान के संदर्भ या लहजे पर कोई टिप्पणी नहीं कर सकते। इस पूरे मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी जारी है।

