You are currently viewing Lucknow Flood: गोमती नदी का जलस्तर बढ़ा, लखनऊ में डीएम का नाव से निरीक्षण; गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों को सुरक्षित स्थानों पर भेजने के निर्देश

Lucknow Flood: गोमती नदी का जलस्तर बढ़ा, लखनऊ में डीएम का नाव से निरीक्षण; गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों को सुरक्षित स्थानों पर भेजने के निर्देश

Lucknow Flood: गोमती नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए लखनऊ जिला प्रशासन ने राहत और बचाव अभियान तेज कर दिया है। जिलाधिकारी विशाख जी और संयुक्त पुलिस आयुक्त ने रविवार को जेहटा, माल रोड, सैथा, बरावन कला और फैजुल्लागंज समेत प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय और नाव से निरीक्षण किया। अधिकारियों ने राहत शिविरों, स्वास्थ्य सुविधाओं और प्रभावित नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की व्यवस्थाओं का जायजा लिया।

गोमती नदी का बढ़ता जलस्तर, प्रभावित इलाकों में डीएम का स्थलीय निरीक्षण

जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि गोमती नदी के जलस्तर और संवेदनशील क्षेत्रों की स्थिति पर लगातार नजर रखी जाए। प्रभावित नागरिकों की सुरक्षा और सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के साथ राहत एवं बचाव कार्यों में किसी तरह की लापरवाही न हो। मौके पर तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों को लगातार स्थिति की निगरानी करने के निर्देश दिए गए।

बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में गर्भवती महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षित शिफ्टिंग

ग्राम सैथा में निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने नगर मजिस्ट्रेट को निर्देश दिया कि गर्भवती महिलाओं, बच्चों और वृद्धजनों को प्राथमिकता के आधार पर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाए। प्रशासन को निर्देश दिया गया कि ऐसे परिवारों की पहचान कर उन्हें बिना देरी सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया जाए, ताकि बढ़ते जलस्तर के बीच किसी तरह का जोखिम न रहे।

बाढ़ राहत शिविरों में स्वास्थ्य सेवाओं और दवाओं की व्यवस्था

जिलाधिकारी ने प्रभावित नागरिकों के लिए बनाए गए बाढ़ राहत शिविरों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने शिविर में मौजूद चिकित्सकों से बातचीत कर स्वास्थ्य सेवाओं, आवश्यक दवाओं और मेडिकल किट के वितरण की जानकारी ली। चिकित्सकों ने बताया कि जरूरत के अनुसार प्रभावित लोगों को दवाओं की किट उपलब्ध कराई जा रही है।

डीएम ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिया कि आवश्यक दवाओं की पर्याप्त किट तैयार रखी जाए और जरूरत वाले क्षेत्रों में तत्काल पहुंचाई जाए। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि प्रभावित नागरिकों को समय पर दवाएं मिलें और स्वास्थ्य संबंधी किसी भी आपात स्थिति से निपटने की पूरी तैयारी रहे।

राहत और बचाव के लिए 10 नावों की तत्काल व्यवस्था

प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के लिए जिलाधिकारी ने नगर मजिस्ट्रेट को तत्काल 10 नावों की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही बाढ़ प्रभावित परिवारों को भोजन और राहत किट उपलब्ध कराने को कहा गया। प्रभावित पशुओं के लिए पर्याप्त मात्रा में भूसा और चारे की व्यवस्था करने के निर्देश भी संबंधित अधिकारियों को दिए गए।

फैजुल्लागंज में नाव से पहुंचे डीएम, नागरिकों से लिया राहत व्यवस्था का फीडबैक

इसके बाद जिलाधिकारी और संयुक्त पुलिस आयुक्त ने फैजुल्लागंज के जलभराव प्रभावित क्षेत्रों का नाव से निरीक्षण किया। दोनों अधिकारियों ने नाव के जरिए प्रभावित बस्तियों में पहुंचकर स्थानीय नागरिकों से बातचीत की और मौके पर उपलब्ध कराई जा रही राहत सामग्री की स्थिति की जानकारी ली। प्रशासन ने राहत वितरण व्यवस्था को मौके पर सत्यापित भी किया।

घर-घर पहुंचाई जा रही राहत किट और भोजन सामग्री

जिलाधिकारी ने बताया कि जिला प्रशासन की टीमें सुबह से ही सभी प्रभावित क्षेत्रों में सक्रिय हैं। नावों के माध्यम से घर-घर राहत किट पहुंचाने का काम लगातार जारी है। प्रभावित नागरिकों को भोजन, जरूरी राहत सामग्री और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए गए हैं।

लखनऊ के बाढ़ प्रभावित इलाकों में बढ़ेगी रात्रिकालीन पुलिस पेट्रोलिंग

नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी और संयुक्त पुलिस आयुक्त ने प्रभावित क्षेत्रों में पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाने के निर्देश दिए। खासकर रात के समय सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखने पर जोर दिया गया, ताकि प्रभावित बस्तियों में किसी भी अप्रिय स्थिति से तत्काल निपटा जा सके।

दाऊद नगर में अतिरिक्त कंट्रोल रूम, शिकायतों पर होगी त्वरित कार्रवाई

प्रशासन ने दाऊद नगर क्षेत्र में एक अतिरिक्त कंट्रोल रूम स्थापित करने के निर्देश दिए हैं। इसका उद्देश्य प्रभावित नागरिकों की शिकायतों और जरूरतों पर तेजी से कार्रवाई करना तथा राहत एवं बचाव अभियान की प्रभावी निगरानी करना है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि कंट्रोल रूम के माध्यम से आने वाली सूचनाओं पर तत्काल संबंधित टीमों को सक्रिय किया जाए।

गोमती नदी के जलस्तर पर लगातार नजर, संवेदनशील क्षेत्रों में अधिकारी तैनात

डीएम ने सभी संबंधित अधिकारियों को गोमती नदी के जलस्तर और प्रभावित इलाकों की स्थिति की लगातार निगरानी करने के निर्देश दिए। संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात अधिकारी और कर्मचारी मौके पर मौजूद रहकर राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी करेंगे। स्थिति बिगड़ने पर तत्काल आवश्यक कदम उठाने के भी निर्देश दिए गए हैं।

निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी नगर पूर्वी, नगर मजिस्ट्रेट, उपजिलाधिकारी सदर, उपजिलाधिकारी मलिहाबाद, नगर निगम समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन का फोकस फिलहाल प्रभावित नागरिकों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने, राहत सामग्री उपलब्ध कराने और गोमती नदी के बढ़ते जलस्तर के बीच सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने पर है।

Spread the love

Leave a Reply