Mayawati Meeting: उत्तर प्रदेश की राजनीति में बहुजन समाज पार्टी (BSP) एक बार फिर अपनी सक्रियता बढ़ाने की तैयारी में है। पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने 5 नवंबर को लखनऊ में वरिष्ठ पदाधिकारियों की अहम बैठक बुलाई है। इस बैठक में पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद भी मौजूद रहेंगे। इसके अलावा प्रदेश अध्यक्ष विश्वनाथ पाल, सभी जिलाध्यक्षों और मंडल कोऑर्डिनेटरों को भी बैठक में शामिल होने के लिए बुलाया गया है।
सूत्रों के मुताबिक, बैठक में पार्टी के आने वाले राजनीतिक कार्यक्रमों, संगठन को मजबूत करने और आगामी चुनावों की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा होगी। इसके साथ ही 6 दिसंबर को लखनऊ में प्रस्तावित बड़ी रैली को सफल बनाने के लिए पदाधिकारियों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी जा सकती हैं।
6 दिसंबर की BSP रैली के लिए मायावती बनाएंगी रणनीति, बड़े शक्ति प्रदर्शन की तैयारी
मायावती की इस बैठक का सबसे अहम एजेंडा 6 दिसंबर को लखनऊ में होने वाली प्रस्तावित रैली माना जा रहा है। बसपा इस कार्यक्रम को बड़े स्तर पर आयोजित करने की तैयारी में जुटी है। पार्टी की कोशिश है कि इस रैली के जरिए कार्यकर्ताओं और समर्थकों की बड़ी भागीदारी सुनिश्चित की जाए।
सूत्रों के अनुसार, बैठक में रैली की पूरी रूपरेखा तैयार की जा सकती है। इसमें अलग-अलग जिलों से कार्यकर्ताओं को लखनऊ लाने, भीड़ जुटाने और कार्यक्रम की जिम्मेदारियां तय करने पर चर्चा होगी। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को अपने-अपने क्षेत्रों में संगठन को सक्रिय करने के निर्देश भी दिए जा सकते हैं।
राजनीतिक जानकारों की नजर भी इस रैली पर टिकी हुई है, क्योंकि बसपा इसे अपनी राजनीतिक ताकत दिखाने के बड़े मौके के रूप में देख रही है।
चंद्रशेखर आजाद की रैली के जवाब में BSP का शक्ति प्रदर्शन?
लखनऊ में 6 दिसंबर को होने वाली बसपा की रैली को राजनीतिक गलियारों में आजाद समाज पार्टी के प्रमुख चंद्रशेखर आजाद की प्रस्तावित रैली से जोड़कर भी देखा जा रहा है। चंद्रशेखर आजाद ने 26 नवंबर को लखनऊ के रमाबाई अंबेडकर मैदान में रैली करने की योजना बनाई है।
ऐसे में बसपा की 6 दिसंबर की रैली को भी एक बड़े राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन के तौर पर देखा जा रहा है। दोनों कार्यक्रमों के बीच कम समय का अंतर होने के कारण राजनीतिक चर्चाएं तेज हैं। हालांकि, बसपा की ओर से इस रैली को चंद्रशेखर की रैली का जवाब बताने को लेकर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
BSP उम्मीदवारों की सूची नवंबर में होगी फाइनल, 100 से ज्यादा नाम घोषित
मायावती की बैठक में आगामी चुनावों की तैयारियां भी अहम मुद्दा रहेंगी। सूत्रों के मुताबिक, बसपा अब तक 100 से ज्यादा प्रत्याशियों के नाम घोषित कर चुकी है। पार्टी नेतृत्व ने नवंबर तक उम्मीदवारों की सूची को अंतिम रूप देने के निर्देश दिए हैं।
ऐसे में बैठक के दौरान प्रत्याशियों की स्थिति, चुनावी क्षेत्रों में संगठन की मजबूती और कार्यकर्ताओं की भूमिका पर चर्चा हो सकती है। पार्टी यह भी तय कर सकती है कि आने वाले दिनों में किन क्षेत्रों में ज्यादा सक्रियता दिखानी है।
बसपा की कोशिश है कि चुनाव से पहले उम्मीदवारों और संगठन से जुड़े कामों को समय रहते पूरा कर लिया जाए, ताकि पार्टी की तैयारियों में कोई कमी न रहे।
विश्वनाथ पाल और जिलाध्यक्षों को मिल सकती है चुनावी जिम्मेदारी
इस बैठक में प्रदेश अध्यक्ष विश्वनाथ पाल के साथ सभी जिलाध्यक्षों और मंडल कोऑर्डिनेटरों की मौजूदगी भी अहम मानी जा रही है। माना जा रहा है कि मायावती संगठन के पदाधिकारियों से उनके क्षेत्रों में पार्टी की मौजूदा स्थिति का फीडबैक लेंगी।
इसके साथ ही बूथ स्तर पर संगठन मजबूत करने, कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने और आगामी चुनावों के लिए जिम्मेदारियां बांटने पर भी फैसला हो सकता है। बैठक में आकाश आनंद की मौजूदगी को भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
BSP बैठक के बाद दिल्ली जाएंगी मायावती, पारिवारिक समारोह में होंगी शामिल
लखनऊ में 5 नवंबर को होने वाली बैठक खत्म होने के बाद मायावती दिल्ली के लिए रवाना होंगी। वहां उन्हें एक पारिवारिक शादी समारोह में शामिल होना है।
हालांकि, दिल्ली रवाना होने से पहले होने वाली यह बैठक बसपा के संगठन और राजनीतिक रणनीति के लिहाज से काफी अहम मानी जा रही है। अब सबकी नजर इस बात पर रहेगी कि मायावती 6 दिसंबर की रैली को लेकर क्या रणनीति तय करती हैं और आगामी चुनावों के लिए पार्टी को कौन-सी नई जिम्मेदारियां सौंपती हैं।

