School Closed: उत्तर प्रदेश में लगातार बढ़ रही भीषण गर्मी और जानलेवा लू (Heatwave) को देखते हुए राज्य सरकार और शिक्षा विभाग ने एक बड़ा और संवेदनशील फैसला लिया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी की गई गंभीर चेतावनी के बाद प्रदेश के सभी स्कूलों में गर्मियों की छुट्टियों (Summer Vacation) का आधिकारिक ऐलान कर दिया गया है। सरकार की ओर से जारी ताजा आदेश के मुताबिक, 20 मई 2026 से राज्य के सभी परिषदीय, सरकारी, सहायता प्राप्त और निजी शिक्षण संस्थान पूरी तरह बंद रहेंगे। शासन का यह त्वरित फैसला छोटे बच्चों और छात्रों की सुरक्षा व उनके स्वास्थ्य को गंभीर खतरे से बचाने के लिए लिया गया है।
यूपी स्कूल क्लोजर गाइडलाइंस
शिक्षा विभाग के आला अधिकारियों के अनुसार, यह सरकारी आदेश नर्सरी से लेकर 12वीं कक्षा तक के सभी स्कूलों पर समान रूप से लागू होगा। इसमें यूपी बोर्ड (UP Board) के साथ-साथ सीबीएसई (CBSE) और आईसीएसई (ICSE) बोर्ड से संबद्धता रखने वाले सभी स्कूल भी शामिल हैं। प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में लगातार बढ़ते पारे और लू की खतरनाक स्थिति को देखते हुए ही प्रशासन ने यह सख्त कदम उठाया है। वर्तमान में राज्य के कई जिलों में अधिकतम तापमान 45 से 47 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है, जिससे स्कूली बच्चों के बीमार होने का खतरा अत्यधिक बढ़ गया था।
ग्रीष्मकालीन अवकाश की समय सीमा
आधिकारिक शासनादेश के अनुसार, राज्य के सभी प्राथमिक, उच्च प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों में 20 मई से 15 जून 2026 तक ग्रीष्मकालीन अवकाश (Summer Holidays) प्रभावी रहेगा। इस आदेश के तहत छात्रों को इस बार लगभग 27 दिनों की लंबी छुट्टी मिलेगी। भीषण गर्मी के इस दौर में अभिभावकों ने भी सरकार के इस फैसले का पुरजोर स्वागत किया है। पैरेंट्स का कहना है कि दोपहर की चिलचिलाती धूप में बच्चों को स्कूल भेजना बेहद मुश्किल और जोखिम भरा हो रहा था। दूसरी ओर, स्वास्थ्य विभाग (Health Department) ने भी आम जनता को दोपहर के वक्त बेवजह बाहर न निकलने और खुद को हाइड्रेटेड रखने के लिए ज्यादा से ज्यादा पानी पीने की सलाह दी है।
हीटवेव अलर्ट और जिला प्रशासन की मुस्तैदी
प्रदेश भर में बढ़ती तपिश को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य महकमा पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि आने वाले दिनों में पश्चिमी और पूर्वी यूपी में गर्मी के तेवर और ज्यादा तीखे हो सकते हैं। विशेष रूप से पूर्वांचल के कई जिलों में गर्मी का सितम सबसे ज्यादा देखने को मिल रहा है। धर्मनगरी वाराणसी (Kashi) में तापमान 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान जताया गया है। इस बेहद गंभीर स्थिति को देखते हुए वाराणसी जिला प्रशासन ने राज्यव्यापी आदेश से एक दिन पहले ही, यानी 19 मई से 25 मई तक सभी सरकारी व निजी स्कूलों को बंद रखने का विशेष निर्देश जारी कर दिया है।
ताजनगरी आगरा में मौसम का मिजाज
पूर्वांचल के साथ-साथ ताजनगरी आगरा में भी सूर्य देव के तेवर बेहद तल्ख बने हुए हैं और गर्मी का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। आगरा में पारा 44 डिग्री सेल्सियस के आंकड़े को पार कर चुका है, जिसके चलते सुबह से ही चल रही तेज धूप और गर्म थपेड़ों (लू) ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। आगरा के जिलाधिकारी (DM) ने भी स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए नर्सरी से 12वीं तक के सभी स्कूलों को तत्काल प्रभाव से बंद करने का फरमान सुनाया है। प्रशासन ने सभी स्कूल संचालकों को कड़ी चेतावनी दी है कि यदि किसी भी संस्थान ने इस आदेश का उल्लंघन किया या स्कूल खुला रखा, तो उनके खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

