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Nagpur Airport Passenger Death: विमान में यात्री की मौत, गोरखपुर-मुंबई फ्लाइट की नागपुर में इमरजेंसी लैंडिंग, बदइंतजामी पर यात्रियों का हंगामा

Nagpur Airport Passenger Death: गोरखपुर से मुंबई जा रहे स्पाइसजेट के विमान में सोमवार रात उस वक्त मातम पसर गया, जब एक बुजुर्ग यात्री की बीच सफर में दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। इस गंभीर मेडिकल इमरजेंसी के कारण विमान को आनन-फानन में नागपुर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतारना पड़ा। हालांकि, तमाम कोशिशों के बावजूद यात्री की जान नहीं बचाई जा सकी।

सफर के दौरान हृदय गति रुकना

गोरखपुर निवासी 60 वर्षीय सुमन कुमार चौधरी की असामयिक मृत्यु ने विमान में सवार सभी लोगों को झकझोर कर रख दिया। वह अपनी पत्नी और बेटी के साथ स्पाइसजेट की फ्लाइट (SG-555) में सीट नंबर B-6 पर यात्रा कर रहे थे। सोमवार रात करीब 8 बजे उड़ान भरने के कुछ समय बाद ही चौधरी की तबीयत अचानक बिगड़ गई और वे बेहोश हो गए। क्रू मेंबर्स ने उन्हें तत्काल सीपीआर (CPR) देकर बचाने की कोशिश की, लेकिन हालात बिगड़ते देख पायलट ने नागपुर एयर ट्रैफिक कंट्रोल से संपर्क कर आपातकालीन लैंडिंग (Emergency Landing) की अनुमति मांगी।

नागपुर एयरपोर्ट पर डॉक्टरों की जांच

रात करीब 10 बजे जैसे ही विमान नागपुर के रनवे पर उतरा, वहां पहले से मुस्तैद डॉक्टरों की मेडिकल टीम ने यात्री की सघन जांच की। डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद सुमन कुमार चौधरी को मृत घोषित (Declared Dead on Arrival) कर दिया। इसके पश्चात, स्थानीय पुलिस और कानूनी प्रक्रियाओं को पूरा करने के लिए शव को नागपुर के शासकीय मेडिकल अस्पताल (Government Medical Hospital) भेज दिया गया। इस दुखद घटना से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया।

विमान के भीतर यात्रियों का आक्रोश

इस त्रासद घटना के बाद विमान में सवार अन्य 162 यात्रियों की परेशानी बढ़ गई। लैंडिंग के बाद करीब 3 घंटे तक यात्रियों को विमान के भीतर ही रोक कर रखा गया। यात्रियों का आरोप है कि एयरलाइंस प्रबंधन ने उन्हें समय पर यह जानकारी नहीं दी कि विमान को नागपुर क्यों डायवर्ट किया गया है। बुनियादी सुविधाओं के अभाव में यात्रियों का गुस्सा फूट पड़ा, क्योंकि उन्हें पीने का पानी और भोजन तक उपलब्ध नहीं कराया गया था।

एयरलाइंस के खिलाफ नारेबाजी

भूखे-प्यासे और गर्मी से परेशान यात्रियों का सब्र (Passengers Outrage) आखिरकार टूट गया। विमान के भीतर ही यात्रियों ने स्पाइसजेट प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी शुरू कर दी। यात्रियों का कहना था कि एक ओर जहां विमान में मौत का मातम था, वहीं दूसरी ओर एयरलाइंस स्टाफ का संवेदनहीन रवैया उनके दुख और असुविधा को बढ़ा रहा था। यात्रियों ने एयरलाइंस पर सुरक्षा और सेवा मानकों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया।

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